आप सभी को रूप चौदस की हार्दिक शुभकामनाएं
तैले लक्ष्मीर्जले गङ्गा दीपावल्याश्चतुर दशीम्
प्रातःस्नानं तु यः कुर्याद्यमलोकं न पश्यति।।
दीपावल्याः चतुर्दशीं तैले लक्ष्मी जले गङ्गा भवति यः
प्रातःस्नानं कुर्यात् यमलोकं न पश्यति |
भाव: मैल, अपवित्रता, गन्दगी दरिद्रता के सूचक है अतः लक्ष्मी
पूजन से पहले इन दरिद्रता के निशानों को मिटा लेने हेतु
चतुर्दशी को प्रातः काल में तेल-उबटन और फिर स्नान कर मैल,
अपवित्रता और गन्दगी को हटाने से यमलोक (नरक) के कभी
दर्शन नहीं होते अर्थात इस लोक में तो सुख से जीते ही हैं बाद
में भी सद्कर्मों के कारण नरक गमन नहीं होता |
रूपचौदस की शुभकामनाएं

👍👍
Hamari or se Deepavali ki hardik shubhkamnaye
Aap ko mam rup chodas ki bhadhai
आपको भी हार्दिक शुभकामनाएं
आपको भी रूप चौदस की शुभकामनाये
आपको भी रूप चौदस की हार्दिक शुभकामनाएं🛕✨🎇🪔🕉️🙏
Same to you mam
आपको भी रूप चौदस की हार्दिक शुभकामनाएं 🙏🙏